संभल में सावन का ‘सुरक्षा ढाल’! योगी के फरमान पर पातालेश्वर मंदिर में ट्रिपल लेयर सुरक्षा और सीसीटीवी का तगड़ा जाल!
🕉️ Kanwar Yatra: सावन में Pataleshwar Temple Sambhal पर बम-बम भोले, अफसरों ने कंधे पर उठाई सुरक्षा”
सावन की पहली फुहार गिरी नहीं कि भोलेनाथ के दरबार में बोल बम, हर हर महादेव, जय शिव शंकर के जयकारे उठने लगे। संभल से काशी तक, पातालेश्वर से केदारनाथ तक — हर शिवालय में गंगाजल लेकर कांवरिए कतार में हैं।
Kanwar Yatra का ये वही महीना है जब कोई राजा नहीं, कोई रंक नहीं — सब भोलेनाथ के दरबार में एक बराबर हैं।
🔱 Pataleshwar Temple Sambhal: कांवरिए और कांवड़ — भरोसा सिर्फ भोलेनाथ पर!
Kanwar Yatra UP 2024: आस्था पर अफसरशाही का प्लास्टिक कवच!

ASP राजेश कुमार श्रीवास्तव ने छाती ठोककर कहा कि पातालेश्वर शिव मंदिर में कांवड़ यात्रा के दौरान ‘सुरक्षा’ का ऐसा किला बनाया जाएगा कि कोई चींटी भी बिना टिकट घुस नहीं पाएगी! ट्रिपल लेयर सुरक्षा, सादा वर्दी में पुलिस, और सीसीटीवी की पैनी नजर—यह सब सुनकर लगता है कि मंदिर नहीं, कोई बॉर्डर चौकी तैयार हो रही है। लेकिन जब सावन के सोमवार को हजारों शिव भक्त जलाभिषेक के लिए उमड़ेंगे, तब क्या यह ‘सुरक्षा’ का जाल टिक पाएगा? संभल के 87 शिव मंदिरों में रूट डायवर्शन और महिला पुलिस की तैनाती का प्लान तो जोरदार है, लेकिन क्या यह भक्तों की भीड़ को संभाल पाएगा, या फिर धक्का-मुक्की का प्रसाद बंटेगा?
Kanwar Yatra: भक्ति बचेगी या अफसरशाही का ढोल बजेगा?

SDM आशुतोष तिवारी ने ग्राम पंचायत को ऐसा फरमान सुनाया कि मानो मंदिर प्रांगण को सावन में चांद की तरह चमकाना है। साफ-सफाई, शौचालय की चकाचक व्यवस्था, और मेला प्रांगण में वॉरियर तैनात करने के निर्देश दिए गए। लेकिन सवाल यह है कि क्या यह ‘सुरक्षा’ और साफ-सफाई का दावा कागजों से निकलकर हकीकत का रूप लेगा? मंदिर में बैरिकेडिंग से महिला और पुरुष भक्तों के लिए अलग प्रवेश का इंतजाम तो शानदार है, लेकिन जब भीड़ का सैलाब उमड़ेगा, तब क्या यह व्यवस्था टिक पाएगी, या फिर भक्तों को कीचड़ में ‘हर-हर महादेव’ करना पड़ेगा?